संत गोविंदजी
जीवन चरित्र एवं साधना दर्शन
प्रमुख हरजस रचयिता🌟 मुख्य उपदेश व जीवन मूल्य
सदाचार, विनय, बड़ों का आदर और हृदय में ईश्वर के नाम का निरंतर स्मरण।
स्रोत एवं ऐतिहासिक साक्ष्य
Composed 9 documented Harjas hymns recognized in academic manuscript inventories.
स्तर A (Level A) — पूर्णतः प्रमाणित
- Dr. Hira Lal Maheshwari. Jambhoji and His Literature (श्री जम्भोजी और उनका साहित्य), Sahitya Akademi / Rajasthani Bhasha Sahitya evam Sanskriti Akademi, Bikaner, 1972, p. pp. 45–130.
प्रमाणित साहित्य रचनाएं एवं ग्रंथ
मूल डिंगल/राजस्थानी पद, साखियां एवं छंद
गोविंदजी हरजस संग्रह (9 भक्ति पद)
"गोविंद गुण गावे जो नर नारी, छूटे जनम मरण की बारी। गुरु वचनों पर जो मन लावै, सो जन निज सुख धाम सिधावै॥"
— मूल पाठ / पदसंत गोविंदजी द्वारा रचित 9 भक्ति पदों का संग्रह।
साहित्य स्रोत: Govindji Harjas Sangrah (9 Devotional Hymns)
Canonical literary work 'Govindji Harjas Sangrah (9 Devotional Hymns)' catalogued by Dr. Hira Lal Maheshwari (1972).
स्तर A (Level A) — पूर्णतः प्रमाणित
- Dr. Hira Lal Maheshwari. Jambhoji and His Literature (श्री जम्भोजी और उनका साहित्य), Sahitya Akademi / Rajasthani Bhasha Sahitya evam Sanskriti Akademi, Bikaner, 1972, p. pp. 45–130.
📷 संत छायाचित्र दीर्घा (फ़ोटो गैलरी)
सत्यापित एवं समुदाय द्वारा प्रेषित ऐतिहासिक छायाचित्र
संक्षिप्त संदर्भ विवरण
पवित्र शबदवाणी पढ़ें
गुरु जम्भेश्वर भगवान द्वारा उच्चारित 120 पावन शब्दों का संपूर्ण संग्रह, भावार्थ एवं ऑडियो श्रवण।
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