अखिल भारतीय विश्नोई गांव एटलस
भारत के सत्यापित विश्नोई गांव — इतिहास, पावन तीर्थ, वन्यजीव अभयारण्य एवं प्राथमिक साक्ष्य
राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, मध्य प्रदेश एवं गुजरात के विश्नोई गांवों का आधिकारिक जनगणना कोड (Census MDDS), गजेटियर एवं मानवशास्त्रीय शोध पर आधारित प्रामाणिक डेटाबेस। प्रत्येक रिकॉर्ड बहु-स्तरीय प्राथमिक साक्ष्यों से सत्यापित है।
कुल सत्यापित गांव
179
पावन तीर्थ धाम
71
संरक्षित अभयारण्य
115
साक्ष्य स्तर
Level A / B / C
गांव निर्देशिका (Village Directory)
चयनित भौगोलिक क्षेत्र के सभी गांव। ✅ बिश्नोई प्रमाणित गांव हरे रंग में चिह्नित हैं।
प्रदर्शित: 1–6 (कुल 6 गांव)
बड़ोपल
Badopal
Fatehabad, Fatehabad, Haryana
बड़ोपल हरियाणा का विख्यात कृष्णमृग (काला हिरण) अभयारण्य गांव है। यहाँ खेतों के बीच सैकड़ों काले हिरण निर्भय होकर विचरण करते हैं तथा विश्नोई समाज के लोग उनकी भोजन व चिकित्सा की निरंतर व्यवस्था करते हैं।
गोरखपुर
Gorakhpur
Fatehabad, Fatehabad, Haryana
गोरखपुर हरियाणा में विश्नोई समाज का ऐतिहासिक गांव है, जो काले हिरणों, चिंकारा एवं मोरों की रक्षा के लिए देशभर में विख्यात है। यहाँ के ग्रामीणों ने वन्यजीवों के प्राकृतिक पर्यावास की सुरक्षा के लिए अनुकरणीय संघर्ष किया है।
काजल हेड़ी
Kajal Heri
Fatehabad, Fatehabad, Haryana
काजल हेड़ी फतेहाबाद तहसील का एक ग्रामीण गांव है जो अपने सामुदायिक जलक्षेत्र संरक्षण के लिए विशिष्ट पहचान रखता है। मई 2019 में हरियाणा वन विभाग ने वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम 1972 की धारा 36-सी के तहत यहाँ के तालाब को "गुरु गोरखनाथ सामुदायिक रिजर्व" अधिसूचित किया, जो संकटग्रस्त भारतीय सॉफ्टशेल कछुओं एवं जलपारिस्थितिकी के संरक्षण को वैधानिक मान्यता देता है।
भोडिया खेड़ा
Bhodia Khera
Fatehabad, Fatehabad, Haryana
भोडिया खेड़ा फतेहाबाद शहर से 4 किमी पूर्व में स्थित एक बड़ा उपनगरीय गांव है। यह स्थानीय विश्नोई समाज का प्रमुख सांस्कृतिक केंद्र है, जहाँ श्री गुरु जम्भेश्वर मंदिर और सामुदायिक गोशाला स्थित हैं, जहाँ नियमित सत्संग व धार्मिक अनुष्ठान संपन्न होते हैं।
ढांगर
Dhangar
Fatehabad, Fatehabad, Haryana
ढांगर फतेहाबाद जिले का प्रमुख विश्नोई गांव है जहाँ ग्रामीणों ने काले हिरणों एवं मोरों हेतु सौर ऊर्जा आधारित जल कुंड एवं चुग्गा स्थल स्थापित किए हैं।
ढिंग्सरा
Dhingsara
Fatehabad, Fatehabad, Haryana
ढिंग्सरा फतेहाबाद जिले के भट्टू कलां क्षेत्र का एक प्रमुख कृषि गांव है। नहरी सिंचाई प्रणाली से समृद्ध यह गांव गेहूं और सरसों की व्यापक खेती के लिए जाना जाता है, तथा प्रशासनिक अभिलेखों में स्थानीय संस्थाओं में सामुदायिक भागीदारी दर्ज है।